डॉ. भीमराव रामजी आंबेडकर का जीवन संघर्ष, शिक्षा और सामाजिक न्याय की प्रेरणादायक कहानी है। उन्होंने बचपन से ही भेदभाव और छुआछूत का सामना किया, लेकिन अपनी मेहनत और शिक्षा के बल पर विश्व के प्रतिष्ठित सं...
भारतीय संविधान का अनुच्छेद 11 (Article 11 of Indian Constitution) नागरिकता से संबंधित एक महत्वपूर्ण प्रावधान है। यह संविधान के भाग II (Part II) में सम्मिलित है, जिसमें अनुच्छेद 5 से लेकर 11 तक भारतीय ...
26 जनवरी केवल एक तारीख नहीं, बल्कि भारत के लोकतंत्र की धड़कन है। Republic Day 1950 में लागू हुए भारतीय संविधान की ऐतिहासिक कहानी कहता है, जिसे डॉ. भीमराव आंबेडकर ने न्याय, समानता और स्वतंत्रता की नींव...
भारत दुनिया का सबसे बड़ा #लोकतांत्रिक देश है, जहाँ कानून का राज और संविधान सर्वोच्च माना जाता है। लेकिन पिछले कुछ वर्षों में एक गंभीर #सामाजिक_समस्या ने देश को झकझोर कर रख दिया है— मॉब लिंचिंग (भीड़ द...
1 जनवरी 1818—यह तारीख़ सिर्फ़ एक युद्ध की नहीं, बल्कि उस दिन की है जब दबाए गए समाज ने अत्याचार के खिलाफ हुंकार भरी। महाराष्ट्र के भीमा-कोरेगांव में सिर्फ़ 500 महार सैनिकों ने 28,000 पेशवाई सैनिकों की ...
डॉ. भीमराव अंबेडकर महापरिनिर्वाण दिवस भारत के इतिहास में सामाजिक न्याय, समानता और मानवाधिकारों के संघर्ष का प्रतीक है। 6 दिसंबर को मनाया जाने वाला यह दिन हमें बाबा साहेब डॉ. बी.आर. अंबेडकर के जन्म, शि...
विपक्ष SIR पर बहस की मांग कर रहा है, प्रधानमंत्री इसे “ड्रामा” बता रहे हैं। दिल्ली की जहरीली हवा पर भी संसद में गंभीर चर्चा की उम्मीद कम। क्या छोटा सत्र सरकार की रणनीति है या लोकतंत्र की कमजोरी का संक...
भारत का संविधान केवल एक कानूनी दस्तावेज़ नहीं, बल्कि करोड़ों भारतीयों के सपनों, अधिकारों और स्वतंत्रता की सुरक्षा का सबसे बड़ा प्रमाण है। जब बाबासाहेब डॉ. भीमराव अम्बेडकर ने संविधान निर्माण का नेतृत्व...
जानिए अनुच्छेद 25 क्या है, इसका महत्व, लागू न होने के नुकसान और भारत में धर्म की स्वतंत्रता क्यों जरूरी है। #Article25 #IndianConstitution भारत एक ऐसा देश है जहाँ विविधता में एकता की पहचान है। यहाँ हर...
भारतीय राजनीति पर कटाक्ष: ‘कृषि प्रधान’ से ‘कुर्सी प्रधान’ तक का सफर, कृषि प्रधान देश से ‘कुर्सी प्रधान’ देश तक, ‘सोने की चिड़िया’ से ‘कर्जदार भारत’ तक, सेना का गौरव ‘अग्निवीर’...















